सर्च इंजन का उदाहरण है ? search engine examples in hindi इंटरनेट के प्रमुख सर्च इंजन कौन-कौन से हैं किसे कहते हैं

By  

search engine examples in hindi सर्च इंजन का उदाहरण है ? इंटरनेट के प्रमुख सर्च इंजन कौन-कौन से हैं किसे कहते हैं ?

उत्तर : –

 प्रचलित सर्च इंजन – गूगल, बिंग, याहू, बायडू, aol , आस्क, लाइकोस आदि।
गूगल – वर्ल्ड वाइड वेब पर सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाला सर्च इंजन। इसके सर्च रिजल्ट पेज पर आर्डर “istd” नाम पेंटेटेड प्रायोरिटी रैंक अलगोरिथम पर आधारित है।
गूगल – इसे 1997 में लेरी पेज और सर्गेइ बिन द्वारा विकसित किया गया था।
बिंग – यह सर्च इंजन है जिसे क्रमशः लाईव, विंडोज लाइव सर्च और डैछ के नाम से जाना जाता था। इसे डिसिजन इंजन भी कहते थे। 28 मई 2009 को माइक्रोसाफ्ट के सीईओ स्टीव वाल्बर द्वारा अनावरण किया गया था।।

 इंटरनेट अनुप्रयोग
1. वेब सर्च – यह सूचना प्राप्ति का का एक तरीका हैं तथा सर्च इंजन के द्वारा ही संभव हैं।
2. वेब सर्च का उद्देश्य – उन सभी दस्तावेतों की प्राप्ति जो आपकी क्वेरी से सम्बन्धित हैं।
3. वेब सर्च इंजन – यह सॉफ्टवेयर जिसे वर्ल्ड वाइड वेब से सम्बन्धित सूचनाओं को खोजने के लिए बनाया गया हैं।
4. SERP का विस्तृत रूप – सर्च इंजन रिजल्ट पेज
5. सर्च इंजन के द्वारा की जाने वाली प्रक्रियाएं – वेब कालिंग वेब स्पाइडर इन्डेक्सिंग एण्ड सचिंग।
6. वेब क्राउलर – यह इंटरनेट बोट हैं जो वेब अनुक्रमण (इन्डेक्सिंग) के लिए वर्ल्ड वाइड देव को व्यवस्थित तरीके से ब्राउज करता हैं।
7. इंडेक्सिंग – इसका अर्थ वेबपेज पर उपलब्ध शब्दों को उनके डोमेन नेम और HTML फील्ड से जोड़ना है। यह सूचनाओं को शीघ्र अतिशीघ्र खोजने में मदद करता है।

12. यू-टयूब -यह विडियो शेयरिंग एवं विडियो सर्च वेबसाइट है। इसकी शुरूआत 2005 में हुई थी, 2006 में इसे गूगल ने 1.66 बिलियन डालर में खरीदा।
13. यू-टयूब – यह यूजर को विडियो अपलोड करने, डाउनलोड करने, देखने व साझा करते की अनुमति प्रदान करता है।
14. सर्च को सीमित करने के लिए – वाक्यांश को कोटेशन में लिखे, Key words का उपयोग करे, Advance search का प्रयास करे।
15. ई-मेल – इलेक्ट्रॉनिक मेल को 1993 से ई-मेल कहा जाता है। इसके द्वारा मैसेज के डिजिटल फार्म में एक सा एक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जाता है।
16. इंटरनेट ई-मेल सूचना के भाग – संदेश, संदेश हेडर और मैसेज बॉडी।
17. संदेश हैडर – यह सूचना को नियन्त्रित करता है, इसमें मैसेज भेजने वाले तथा प्राप्त कर वाले के ई-मेल एड्रेस होते है।
18. ई-मेल का प्रारूप -इसमें दो भाग होते हैं, / सिम्बल के पहले लोकल पार्ट (यूजर 4 नाम, एड्रेस अथवा पहचान) होता है। / सिम्बल के बाद डोमेन का नाम अथवा सेवा प्रदान का नाम आता है। जैसे उपेीतंण्चनइसपबंजपवदे/हउंपसण्बवउ
19. CC – कार्बन कॉपी।
20. BCC का विस्तृत नाम – ब्लाईंड कार्बन कॉपी।
21. CC – इसमें लिखे सभी ई-मेल एड्रेस पर सूचना की प्रति प्राप्त होगी और सभी सूचना देख भी पायेंगे।
22. BCC- इसमें लिखे सभी ई-मेल एड्रेस पर सूचना की प्रति प्राप्त होगी, परन्तु दूसरे यूजर इन ईमेल एड्रेस को देख नहीं पायेंगे।
23. ई-मेल फोल्डर्स – इन बॉक्स, सेंट मेल, ड्राफ्टस, स्पॉम, ट्रैश आदि।
24. इनबॉक्स – इस फोल्डर में आने वाली ई-मेल तत्काल सन्दर्भ में देखी जाती है।
25. सेंट मेल – इस फोल्डर में भेजी गई ई-मेल सेव रहती है।
26. ड्राफ्ट्स – इस फोल्डर में भेजी जाने वाली भेल अस्थायी रूप से रखी जाती है।
27. स्पॉम मेल – जंक ई-मेल या अनचाही बल्क मेल।
28. ट्रैश – इस फोल्डर में डिलिट किये गये मैसेज जमा रहते हैं जब तक कि आप उन्हें स्थाई रूप से हटा नहीं देते।
29. लोकप्रिय वेब आधारित चेट सेवाएं – स्काईप, गूगल हैंग आउट, फेसबुक मेसेन्जर, व्हाट्सअप आदि।
30. उपलब्ध चेट सेवाएं – आपरेटिंग सिस्टम – विन्डोस, एन्ड्रोईड, आई. ओ. एस. ।
31. स्काईप – यह एक एप्लीकेशन प्रोग्राम है जिसमें यूजर टेक्स्ट, विडियो, संदेशों, फाइलों तथा छवियों के साथ ही कान्फ्रेंस (बातचीत) भी कर सकता है।
32. गूगल हैंग आउट – इसमें त्वरित संदेश सेवाओं, विडियों चेट (गूगल टॉक), डडै तथा VOIP की विशिष्टताएं शामिल है।
33. वाट्सअप – स्मार्ट फोन पर आधारित क्रास प्लेट फार्म इंस्टेड मेसेजिंग मैसेंजर है जो दूसरे मानक मोबाइल नम्बर पर मैसेज, फोटो, विडियो शेयर करने की अनुमति देता है।
34. ब्लॉग – जानकारी अथवा चर्चा हेतु तैयार की गई वेबसाइट जो अलग-अलग पोस्ट से मिलकर बनी होती है तथा रिवर्स क्रानिकल के रूप में दिखाई जाती है।
35. रिवर्स क्रानिकल – इसमें सबसे ताजा (नई) पोस्ट को सबसे ऊपर दिखाया जाता है।
36. ब्लॉग के प्रकार – व्यक्तिगत ब्लॉग, सहयोगात्मक या ग्रुप ब्लॉक, माइक्रोब्लागिंग कॉर्पोरेट ब्लॉग, एग्रीगेटेड ब्लॉग, जेनरे ब्लॉग, मीडिया टाइप ब्लॉग, डिवाइस टाइप ब्लॉग आदि।
37. सहयोगात्मक या ग्रुप ब्लॉग – इस प्रकार के ब्लॉग में पोस्ट एक या एक से अधिक लेखकों द्वारा प्रकाशित होता है।
38. माइक्रोब्लागिंग – यह डिजिटल जानकारी को छोटे-छोटे हिस्सों में प्रदर्शित करने का तरीका है।
39. General ब्लॉग – किसी विशेष टॉपिक पर केन्द्रित ब्लॉग।
40. Vlog – जिस ब्लॉग में वीडियो होते है जो vlog कहलाता है।
41. linklog ब्लॉग -लिंक्स वाले ब्लॉग linklog ब्लॉक कहलाता है।
42. Sketch ब्लॉग – जिस ब्लॉग में स्केच होते है जिसे sketch blog कहते है।
43. Photo ब्लॉग – जिस ब्लॉग में फोटो होते है जो photo blog कहलाते है।
44. Moblog – जिसमें मोबाइल से लिखे गये ब्लॉग को moblog कहते है।
45. प्रमुख सोशल नेटवर्किंग बेबसाइट्स – फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन आदि।
46. फेसबुक – सन् 2004 में इसकी स्थापना मार्क जुकरबर्ग ने की थी।
47. प्रेसेंस टेक्नोलॉजी – यह फेसबुक पर ऑनलाइन मेबर्स की जानकारी देता है।
48. इंटरैक्टिव एल्बम – यह मेम्बर्स के दोस्तों की फोटों पर कमेंट करने की आजादी तशा में लोगो को पहचानने (teg) करने की आजादी देता है।
49. स्टेटस अपडेट – यह माइक्रोब्लागिंग फीचर है, जो छोटे संदेश ब्रॉडकास्ट करने की मार देता है।
50. ट्विटर – यह ऑनलाइन सोशल नेटवर्किंग सर्विस है। यह यूजर को 140 करैक्टर के छोले संदेश भेजने व पढ़ने की सुविधा देता है। जिन्हें “tweets” कहा जाता है।
51. ट्विटर – मार्च 2006 में बना, जुलाई 2006 में लांच किया गया था।
52. टविटर के निर्माता – जैक डोरसे, एवन बिल्लीअम्स, बिज स्टोन और नूह ग्लास।
53. ट्विटर के फीचर – ट्वीट, टाइम लाइन्स, ट्विटर प्रोफाइल, फोलोविंग एण्ड फोलोवर्स कन्वर्सेशन, री-ट्वीट, हैशटेग आदि।
54. हैशटैग – ट्विटर पर यूजर हैशटैग से ट्वीट में कुंजी शब्द या श्रेणियां जोड़ सकता है।
55. लिंक्डइन – यह एक व्यवसाय उन्मुख सामाजिक नेटवर्किंग वेबसाइट है, इसे दिसम्बर 2002 में स्थापित कर 5 मई 2003 को चालू किया गया था।
56. ई-कामर्स – किसी भी सामान को इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से खरीदा या बेचा जाये, ई-कामर्स कहलाता है।
57. ई-कामर्स के प्रकार – प्योर क्लिक या प्योर प्ले संस्थाएं, ब्रिक एण्ड क्लिक संस्थाएं, क्लिक टू ब्रिक संस्था।
58. प्योर क्लिक या प्योर प्ले संस्थाएं – जिन्होने बिना किसी पुरानी संस्था के बस एक वेबसाइट चाल कर दी।
59. ब्रिक एण्ड क्लिक संस्थाएं – चल रही संस्थाएं, जिन्होने वेबसाइट लांच की।
60. क्लिक टू ब्रिक संस्थाएं – ऑनलाइन रिटेलर, जिन्होने बाद में कुछ जगह दुकाने खोली।
61. ई-बिक्री के प्रकार – व्यापार से ग्राहक (Business to Consumer) व्यापार से व्यापार (Business to Business), ग्राहक से व्यापार (Consumer to Business), ग्राहक से ग्राहक (Consumer to Consumer), मोबाइल कामर्स।
62. PDA का विस्तृत नाम – पर्सनल डिजिटल असिस्टेंट ।
63. ई-कामर्स की विशेषता – कीमत में कमी, क्वालिटी, मिडिएटर की भूमिका समाप्त, कम फाइनेंसियल इन्वेस्टमेंट आदि।
64. ई-कामर्स के प्रयोग – खुदरा एवं थोक व्यापार में, प्रचार के लिए, फाइनेंस में, मैन्युफैक्चरिंग में, ऑनलाईन आक्शन में।
65. Paytm – यह एक वर्चुअल वालेट है जो कैशबैक स्कीम के अतिरिक्त तुरन्त भुगतान के सुविधा देता है।
66. क्लाउड स्टोरेज – यह एक डाटा स्टोरेज का सर्विस मॉडल है जहां डिजिटल डाटा के लौजिकल पूल में स्टोर किया जाता है।
67. API का विस्तृत नाम – एप्लीकेशन प्रोग्रामिंग इंटरफेस।
68. प्रचलित क्लाउड स्टोरेज – गूगल ड्राइव, माइक्रोसाफ्ट वन ड्राइव, ड्राप बाक्स, आदि।
69. IAMAI का विस्तृत नाम – इंटरनेट एंड मोबाइल एसोसिएशन ऑफ इंडिया।
70. मूवी टिकिट बुक करना -ूूू.bokmyshow.com
71. ऑनलाइन sms भेजना – www.way2sms.com
72. ऑनलाईन टीवी – www.hotstar.com

महत्वपूर्ण प्रश्न
1. प्रचलित सर्च इंजिन हैं –
(अ) गूगल (ब) बिंग (स) याहू (द) उपरोक्त सभी
2. इस वेबसाइट पर विडियो शेयर और सर्च कर सकते हैं-
(अ) यू-ट्यूब (ब) Amazon (स) Flickr . (द) उपरोक्त सभी
3. BCC का विस्तारित नाम हैं –
(अ) बेक कार्बन कॉपी (ब) Behind Carbon Copy
(स) Blind Carbon Copy (द) उपरोक्त मे से कोई नहीं
4. स्पैम मेल होती हैं –
(अ) अनचाही बल्क मेल (ब) जंक मेल (स) उपरोक्त दोनों (द) उपरोक्त मे से कोई नहीं
5. वेब आधारित चेट सेवाएँ हैं –
(अ) Skype (ब) गूगल हैंग आउट
(स) फेसबूक मेसेंजर (द) उपरोक्त सभी
6. डिजिटल जानकारी को छोटे छोटे हिस्सों में प्रदर्शित करना, कहलाता हैं –
(अ) माइक्रोब्लॉगिंग (ब) ग्रुप ब्लॉगिंग (स) मीडिया ब्लॉग (द) व्यक्तिगत ब्लॉग
7. विशेष टॉपिक पर केन्द्रित ब्लॉग होते हैं –
(अ) Vlog Blog (ब) Sketch ब्लॉग (स) जनरल ब्लॉग (द) फोटो ब्लॉग
8. Link वाले ब्लॉग होते हैं –
(अ) VlogBlog (ब) Linklog ब्लॉग (स) जनरल ब्लॉग (द) फोटो ब्लॉग
9. मोबाइल से लिखे गये ब्लॉग कहलाते हैं –
(अ) Vlog Blog (ब) Linklog ब्लॉग
(स) Moblog ब्लॉग (द) फोटो ब्लॉग
10. PDA का विस्तारित नाम हैं –
(अ) पर्सनल डिजिटल असिस्टेंट (ब) पब्लिक डिजिटल असिस्टेंट
(स) उपरोक्त दोनों (द) उपरोक्त मे से कोई नहीं
11. ई-बिक्री के प्रकार हैं –
(अ) B2C (Business 2 Consumer) (इं) C2B (Consumer 2 Busine)
(स) B2B (Business 2 Busine) (द) उपरोक्त सभी
12. Paytm हैं –
(अ) वर्चुअल वालेट (ब) क्लाउड स्टोरेज (स) ऑनलाइन बैंकिंग (द) उपरोक्त सभी
13. API का विस्तारित नाम हैं –
(अ) ऑटो प्रोग्रामिंग इंटरफेस (ब) एप्लिकेशन प्रोग्रामिंग इंटरनेट
(स) एप्लिकेशन प्रोग्रामिंग इंटरफेस (द) उपरोक्त में से कोई नहीं
14. ई-मेल फोल्डर हैं –
(अ) इनबॉक्स (ब) सेंट मेल (स) ट्रेश (द) उपरोक्त सभी
15. ऑनलाइन टी.वी. के लिए एक्सैस करें –
(अ) www.hotstar.com (ब) www.way2sms.com
(स) www.bookmyshow.com (द) उपरोक्त मे से कोई नहीं
16. दोस्तों और सम्बन्धियों के साथ नेटवर्क बनाने के लिए उपयोग में आने वाली वेबसाइटों को कहते हैं –
(अ) नेट बैंकिग (ब) ब्लॉगिंग (स) सोशल नेटवर्किंग (द) कॉमर्स
17. कुछ खरीदने और बेचने के लिए काम में आने वाली वेबसाइट किस केटेगरी की होती है:
(अ) एंटरनमेंट साइट्स (ब) सोशल नेटवर्किंग साइट्स
(स) सर्च – इंजन (द) ई-कॉमर्स वेबसाइट
18. गूगल एक उदाहरण है:
(अ) सर्च इंजन (ब) सोशल नेटवर्किंग (स) एंटरटेनमेंट (द) इनमें से कोई नहीं
19. निम्न में से माइक्रो ब्लोगिंग का एक उदाहरण है:
(अ) ट्विटर, (ब) गूगल (स) जीमेल (द) इन्स्ताग्राम
20. ऑनलाइन शॉपिंग किस प्रकार के transaction का एक उदाहरण है –
(अ) B2B (ब) B2C (स) C2C (द) इनमें से कोई भी नहीं
21. निम्न मे से कौनसा सर्च इंजर माइक्रोसॉफ्ट द्वारा विकसित किया गया है –
(अ) बिंग (ब) याहू (स) गूगल (द) अल्ता विस्टा
22. अमेजन एक प्रकार की साईट का उदाहरण है –
(अ) ई-कॉमर्स (ब) सोशल नेटवर्किंग (स) एंटरटेनमेंट (द) ब्लॉगिंग
23. नेटवर्क कनेक्शन डिवाइस का एक उदाहरण है –
(अ) हब (ब) स्विच (स) प्रोसेसर (द) अ तथा ब दोनों
24. B 2 B कॉमर्स की फुल फॉर्म है:
(अ) Business to Business (ब) Blog to Blog
(स) Bank to Bank (द) Bank to Business
25. क्लाउड स्टोरेज प्लेटफार्म का एक उदाहरण है-
(अ) गूगल ड्राइव (ब) माइक्रोसॉफ्ट वन ड्राइव (स) ड्राप बॉक्स (द) उपरोक्त सभी