प्रतिरक्षा एवं रक्त समूह अध्याय 4 कक्षा 10 विज्ञान , immunity and blood group notes class 10 in hindi

By   May 19, 2019

immunity and blood group notes class 10 in hindi , प्रतिरक्षा एवं रक्त समूह अध्याय 4 कक्षा 10 विज्ञान : यहाँ पहले सभी टॉपिक के बारे में विस्तार से पढ़े और उसके बाद सभी प्रश्न और उनके उत्तरों का अध्ययन करे।

टॉपिक

  • स्वाभाविक प्रतिरक्षा विधि
  • मध्यित प्रतिरक्षा , सक्रीय प्रतिरक्षा , निष्क्रिय प्रतिरक्षा
  • प्रतिजन और प्रतिरक्षी
  • प्रतिरक्षी की संरचना
  • प्रतिरक्षियों के प्रकार
  • रक्त व रक्त समूह
  • Rh कारक
  • रक्ताधान , आवश्यकता , प्रक्रिया
  • आधान , समजात आधान , समजीवी आधान
  • रक्ताधान के दौरान बरती जाने वाली सावधानियाँ
  • रुधिर वर्ग का आनुवांशिक महत्व
  • अंगदान व देहदान , महत्व
  • कौन कर सकता है अंगदान व देहदान

बहु चयनात्मक प्रश्न व उत्तर

प्रश्न 1 : प्रतिरक्षा में प्रयुक्त होने वाली कोशिकाएं किस में नहीं पायी जाती है ?

प्रश्न 2 : प्लाविका कोशिका निम्न में से किस कोशिका का रूपांतरित स्वरूप है ?

प्रश्न 3 : एंटीजन निर्धारक निम्न में से किस में पाए जाते है ?

प्रश्न 4 : प्रथम उत्पादित प्रतिरक्षी है ?

प्रश्न 5 : माँ के दूध में पाए जाने वाली प्रतिरक्षी कौनसी है ?

प्रश्न 6 : रक्त में निम्न में से कौनसी कोशिकाएँ नहीं पाई जाती ?

प्रश्न 7 : रक्त का विभिन्न समूहों में वर्गीकरण किसने किया ?

प्रश्न 8 : सर्वदाता रक्त समूह कौनसा है ?

प्रश्न 9 : गर्भ रक्ताणुरोकता (erythroblastosis fetalis) का प्रमुख कारण है ?

प्रश्न 10 : समजीवी साधन में किस का उपयोग होता है ?

प्रश्न 11 : रक्ताधान के दौरान बरती गयी असावधानियों से कौनसा रोग नहीं होता है ?

प्रश्न 12 : निम्न में से कौनसा रक्त समूह विकल्पियों की समयुग्मजी अप्रभावी क्रिया का परिणाम है ?

प्रश्न 13 : निम्न में से कौनसा रुधिर वर्ग की आनुवांशिकता का अनुप्रयोग नहीं है ?

प्रश्न 14 : भारत में अंगदान दिवस कब मनाया जाता है ?

प्रश्न 15 : भारत में अंगदान करने वाले व्यक्तियों की संख्या कितनी है ? (प्रति दस लाख में)

अतिलघुरात्मक प्रश्न और उत्तर

प्रश्न 16 : मनुष्यों में कितने प्रकार की प्रतिरक्षी विधियाँ पाई जाती है ?

प्रश्न 17 : प्रतिरक्षी कितने प्रकार के होते है ?

प्रश्न 18 : प्रतिजन का आण्विक भार कितना होना चाहिए ?

प्रश्न 19 : प्रतिरक्षी किस प्रकार के प्रोटीन होते है ?

प्रश्न 20 : कौनसा प्रतिरक्षी आवल को पार कर भ्रूण में पहुँच सकता है ?

प्रश्न 21 : मास्ट कोशिका पर पायी जाने वाली प्रतिरक्षी का नाम लिखे।

प्रश्न 22 : रक्त में उपस्थित कौनसी कोशिका गैसों के विनिमय में संलग्न होती है ?

प्रश्न 23 : रक्त का वर्गीकरण किस वैज्ञानिक के द्वारा किया गया ?

प्रश्न 24 : सर्वदाता रक्त समूह कौन सा है ?

प्रश्न 25 : किस रक्त समूह में ‘A’ व “B” दोनों ही प्रतिजन उपस्थित होते है ?

प्रश्न 26 : विश्व के लगभग कितने प्रतिशत व्यक्तियों का रक्त Rh (आर एच) धनात्मक होता है ?

प्रश्न 27 : कौनसा आर एच (Rh) कारक सबसे महत्वपूर्ण है ?

प्रश्न 28 : प्रथम रक्तदान किस के द्वारा संपादित किया गया ?

प्रश्न 29 : समजात साधान क्या है ?

प्रश्न 30 : रुधिर वर्ग को नियंत्रित करने वाले विकल्पियो के नाम लिखे।

प्रश्न 31 : भारत में अंगदान दिवस कब मनाया जाता है ?

प्रश्न 32 : हाल ही में देहदान करने वाले दो व्यक्तियों के नाम लिखे ?

लघुरात्मक प्रश्न और उत्तर

प्रश्न 33 : प्रतिरक्षी को परिभाषित करे।

प्रश्न 34 : एंटीजनी निर्धारक क्या होते है ?

प्रश्न 35 : प्रतिरक्षी में हिन्ज का क्या कार्य है ?

प्रश्न 36 : रक्त क्या है ?

प्रश्न 37 : A B O रक्त समूहीकरण को समझाइये।

प्रश्न 38 : आर एच (Rh) कारक क्या है ? इसके महत्व को समझाइए।

प्रश्न 39 : रक्तदान क्या है ? समझाइये।

प्रश्न 40 : रक्तदान के दौरान बरती जाने वाली सावधानियां लिखे।

प्रश्न 41 : अंगदान की आवश्यकता समझाइये।

प्रश्न 42 : A B O रुधिर वर्ग के लिए उत्तरदायी जीन प्रारूपो को समझाइए।

निबंधात्मक प्रश्न तथा उत्तर

प्रश्न 43 : प्रतिरक्षियो की संरचना को समझाइये।

प्रश्न 44 : गर्भ रक्ताणुकोरकता को समझाइये।

प्रश्न 45 : रक्ताधान की प्रक्रिया कैसे संपादित की जाती है ?

प्रश्न 46 : अंगदान क्या है ? अंगदान का महत्व बताइए।

प्रश्न 47 : रुधिर वर्ग की आनुवांशिकता के महत्व की व्याख्या करे।

महत्वपूर्ण बिंदु या प्रतिरक्षा एवं रक्त समूह पाठ का सारांश

  • प्रतिरोधक क्षमता : जब हम शरीर को ऊर्जा प्रदान करने के लिए भोजन ग्रहण करते है या श्वसन प्रक्रिया आदि के साथ हमारे शरीर में विभिन्न प्रकार के सूक्ष्म रोगाणु प्रवेश कर जाते है जिनके कारण शरीर रोगग्रस्त हो जाता है , और यह प्रतिदिन होता है लेकिन फिर भी हम रोज बीमार नहीं पड़ते है क्योंकि हमारे शरीर में इन रोगाणुओं को नष्ट करने की क्षमता होती है जिन्हें प्रतिरोधक क्षमता कहते है। यह प्रतिरोधक क्षमता रोगाणुओं से लड़ता है और इन्हें नष्ट करने का प्रयास करता है।
  • प्रतिरक्षा विज्ञान : जीव विज्ञान की वह शाखा जिसमें रोगाणुओं के उन्मूलन के लिए शरीर में होने वाली क्रियाओं तथा इससे सम्बंधित तंत्र का विस्तार से अध्ययन किया जाता है , उसे प्रतिरक्षा विज्ञान कहा जाता है।
  • प्रतिजन : वे बाह्य पदार्थ जो जिनको शरीर में प्रविष्ट करवाकर शरीर की प्रतिरक्षा का उत्पादन किया जाता है उन पदार्थो को प्रतिजन कहा जाता है।
  • रक्त : यह लाल रंग का तरल संयोजी उत्तक होता है जो शरीर में पाया जाता है , यह शरीर में लगातार रुधिर वाहिनियो द्वारा लगातार प्रवाहित होता रहता है।  रक्त का निर्माण प्लाज्मा और रक्त कणिकाओं से मिलकर होता है।
  • रक्त समूह : लाल रक्त कणिकाओं के ऊपर प्रतिजन पाए जाते है और इन लाल रुधिर कणिकाओं के ऊपर पाए जाने वाले प्रतिजन के आधार पर रक्त को समूहों के रूप में वर्गीकृत किया गया है जैसे A , B आदि।  रक्त समूह का वर्गीकरण सर्वप्रथम ‘कार्ल लैंडस्टीनर’ ने 1901 में किया था।
  • रक्ताधान : जब कोई ऑपरेशन या कोई दुर्घटना घटित हो जाती है ऐसी स्थिति में जब खून शरीर से काफी बह जाता है जिसके कारण शरीर में रक्त की कमी हो जाती है जिसकी पूर्ती के लिए शरीर में बाहर से उसी ग्रुप का रक्त स्थानांतरित किया जाता है , इस प्रक्रिया को रक्ताधान कहते है।
  • अंगदान : किसी जीवित या मृत व्यक्ति द्वारा अपने शरीर के उत्तक या किसी अंग का किसी जरुरतमंद को दान देना अंग दान कहलाता है।