yuan shikai in hindi | युआन शिकाई कौन थे ?

By   September 13, 2020

yuan shikai in hindi | युआन शिकाई कौन थे ?

प्रतिक्रांतिकारी युआन शिकाई
अन्तरिम सरकार की स्थापना से गिन्ग (मंचू) साम्राज्य एवं उसके योद्धाओं के दस्तों को बहुत जबरदस्त झटका लगा। गिन्ग साम्राज्य की सैना के अध्यक्ष युआन शिकाई ने सत्ता हड़पने का षड़यंत्र तैयार किया। वह अपने समर्थकों के साथ संघ में शामिल हो गया। साम्राज्यवादियों की अनुमंत्रण से उसने अन्तिम गिन्ग (मंचू) सम्राट को गद्दी छोड़ने के लिये बाध्य कर दिया। इस कार्यवाही से वह काफी लोकप्रिय हो गया एवं उत्तर क्षेत्र के युद्ध सामन्तों के समर्थन से उसने नानजिंग सरकार को स्वयं को सत्ता सौंपने हेतु विवश कर दिया। उसके बाद उसने स्वयं को केन्द्रीय सरकार के अध्यक्ष के रूप में चुने जाने का षड़यंत्र बनाया और सुन-यात-सैन को अपना त्यागपत्र देने हेतु बाध्य कर दिया। साम्राज्यवादी सत्ताओं को अतिरिक्त लाभ प्रदान करके युआन ने उनके समर्थन को खरीद लिया। शीघ्र ही युआन की लोकप्रियता समाप्त हो गई और हतोसाहित होने के कारण सन् 1916 में उसकी मृत्यु हो गई। डुआन किवी ने युआन के उत्तराधिकारी के रूप में कार्यभार ग्रहण किया।

डुआन शुरू से ही एक निरंकुश शासक बन गया। उसने संविधान एवं लोकसभा, दोनों को निलम्बित कर दिया। सुन-यात-सैन फिर भी निष्क्रिय नहीं रहा। उसने डुआन विरोधी आन्दोलन का संगठन किया परन्तु युद्ध सामन्तों एवं विदेशी ताकतों की कूट नीतियों के कारण सैन को तुरन्त सफलता प्राप्त न हो सकी।