C++ : Variable Basic & Integer Type , what is Variable Basic & Integer Type in c++ language in hindi

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what is Variable Basic & Integer Type in c++ language in hindi , C++ : Variable Basic & Integer Type :-
C++ एक object-oriented programming language है | अतः इसमें प्रोग्रामर खुद की variable को बनाया जा सकता है |लेकिन प्रोग्रामर को variable declamation मे सतर्क रहना चाहिए | यूजर define variable को बनाने से पहले , प्रोग्रामर को इसके standard को समजना चाहिए जिससे की वो एक efficient variable बना सके |
C ++ मे दो प्रकार के variable type होते है :-
1.Fundamental Type
2.Compound Type
इस article मे , variable के basic और Fundamental Type मे से integer type को discuss करेगे |
Variable Basic
किसी programming language मे , किसी इनफार्मेशन को store करने के लिए memory मे space की जरूरत होती है |अतः किसी item/element की इनफार्मेशन को store करने के लिए ,प्रोग्राम को तीन fundamental properties को ध्यान मे रखना होता है |
-information कहा store होगी ?
-किस तरह की value store होगी ?
-value क्या होगी ?
इसे एक उदाहरण से समजा जा सकता है :
#include<iostream.h>
#include<conio.h>
void main()
{
using name space std;
int a ;
cout<<“Enter value”<<endl;
cin>>a;
char p;
p=g;
cout<< “Charecter”<<p<<“has a value”<<a<<endl;
getch();
}
इस उदहारण मे दो variable को declare किया गया है |
1.int a : ये एक integer type variable है जो की यूजर द्वारा input की गयी value को hold करता है |इसमें int : type of information , a : space for information है |
2.char p : ये एक character  type variable है जो की alphabet  ‘g’  को hold करता है |इसमें char : type of information , p : space for information  और  alphabet ‘g’ : value of information  है |
Naming of Variable
जब किसी variable को declare किया जाता है c++ मे कुछ standard होते है जिसे प्रोग्रामर को फॉलो करना होता है |ये standard निन्म है :-
1.variable name मे केवल character , digits और अंडरस्कोर ( _ ) को use कर सकते है |
2.Upper case को lower case character से अलग consider किया जाता है |
3.variable name का पहला character , कभी भी डिजिट नहीं हो सकता है |
4.c++ keyword को variable name नहीं हो सकता है |
5.C++ मे variable name की length की कोई limit नहीं होती है |
6.अगर variable name मे , पहले एक या  दो underscore और उसके बाद upper score character , C++ Compiler द्वारा एसे variable को implementation मे reverse किया जाता है |
कभी कभी कुछ variable name complier error नहीं देते है लेकिन misbehave जरुर करते है |इसका मतलब है की variable name मे कोई error नहीं है लेकिन इन variable को implementation के लिए reverse किया गया है |इसका उदाहरण है :
_time_stop और _dunut आदि |
नीचे कुछ variable name की लिस्ट है :
variable
status
int
marks ;
valid
int
marks ;
valid
and different from marks
int
marks ;
valid
and different from marks and marks
int age;
invalid
: due to int
int my_age;
Valid
int _myage;
Valid
but reverse
int 4age;
Invalid
: Due to start with digit
int char;
Invalid
: Due to Keyword ‘char’
int begin;
Invalid
: Due to Pascal Keyword ‘begin’
int my_first_variable;
valid
int My-variable;
Invalid
जब किसी variable name दो या दो से अधिक words को use किया जाता है तब इन words को underscore से differentiate करते है | या सभी words के पहले alphabet को capital मे लिखा जा सकता है |
जैसे :
int my_first_variable;     या  int MyFirstVariable ;
Reading a variable in real world 
किसी variable और function के naming हमेशा ही बर्निंग topic होता है क्योकि प्रत्येक प्रोग्रामर के अलग standards होते है | real programming world मे , variable name से पहले ,प्रोग्रामर कुछ character insert जरुर करते है जो की variable से related information को define करते है |उद्धरण के लिए :
integer age को nage से भी named किया जा सकता है जिसमे character ‘n’ age के integer type को define करता है |जिससे किसी प्रोग्रामर को इस variable को identify करना सरल हो जाता है | इसके अलावा कई सारे prefix को use किया जाता है : जैसे :-
1. str और sz : इसका use , null string को represent करने के लिए किया जाता है |
2. b: इसका use, Boolean value के लिए जाता है |
3. p:इसका use, pointer के लिए जाता है |
4. c:इसका use , single character के लिए किया जाता है |
Integer Type
Integer एसे number होते है जिसमे कोई fractional नहीं होता है |उदाहरण के लिए 3,100,-45 और 0 आदि |integer की सख्या असख्य होती है |इसलिए memory मे सभी integer number को represent करने के लिए enough space नहीं होता है |अतः सभी programming language , integer के एक range को define कर सकता है |C++ कई सारे option देता है जिससे integer type को manage किया जा सकता है |
1.c++ integer range मे से कोई भी integer को choose करने के facility देता है |
2.c++ खुद के object को declare करता है |
सभी integer type अलग अलग size की memory को allocate करता है |अतः जब memory space बहुत बड़ा होता है तब ये integer type की बहुत बड़ी range को कवर करता है |integer दोनों positive और negative value को hold कर सकता है |
width of integer का मतलब है integer द्वारा memory मे occupy space |अतः integer के width को निन्म keyword से modify किया जा सकता है :
1.short : width को reduce किया जाता है |
2.long : width को बढाया जाता है |
3.int : width normal होती है |
इसका उदहार है :
#include<iostream.h>
#include<conio.h>
void main()
{
using namespace std ;
int a,b,sum;
cout<<“Your First Number : “<<endl;
cin>>a;
cout<<“Your Second Number : “<<endl;
cin>>b;
sum=a+b;
cout<<“Sum of both numbers : “<<sum<<endl;
getch();
}
इस उदहारण मे तीन variables को declare किया गया जिनका type integer type है |इसका आउटपुट होगा :
Your First Number : 34
Your Second Number : 45
Sum of both numbers : 79
इस article मे variable का basic ,naming और integer type के basic को discuss किया गया है | integer type के prefix और उदाहरानो  को सार मे C++ : Integer Type मे discuss करेगे |